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ज्ञान दान बुक बैंक में पुस्तकें दान करने वाले अधिकारियों को किया सम्मानित

ज्ञान दान बुक बैंक में पुस्तकें दान करने वाले अधिकारियों को किया सम्मानित

डीसी अपराजिता ने पुस्तक दान को बताया महादान, जरूरतमंद विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य के लिए अधिक से अधिक लोगों से जुड़ने का किया आह्वान

कैथल। जिला प्रशासन द्वारा संचालित ज्ञान दान बुक बैंक अभियान को लगातार जनसहयोग प्राप्त हो रहा है। इसी क्रम में उपायुक्त अपराजिता ने उन अधिकारियों को प्रशंसा पत्र देकर सम्मानित किया, जिन्होंने प्रतियोगी परीक्षाओं से संबंधित पुस्तकें दान कर इस सामाजिक अभियान को मजबूती प्रदान की है।

सम्मान समारोह के दौरान डीसी अपराजिता ने सभी अधिकारियों और समाजसेवियों के योगदान की सराहना करते हुए कहा कि पुस्तक दान एक ऐसा महादान है, जो किसी जरूरतमंद एवं मेधावी विद्यार्थी के जीवन की दिशा बदल सकता है।

पुस्तक दान से संवर सकता है विद्यार्थियों का भविष्य

डीसी अपराजिता ने कहा कि प्रत्येक अधिकारी, कर्मचारी और आमजन को इस पुनीत कार्य में अपनी भागीदारी निभानी चाहिए, ताकि आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों को नि:शुल्क अध्ययन सामग्री उपलब्ध कराई जा सके। इससे विद्यार्थियों में आत्मविश्वास बढ़ेगा और उन्हें अपने सपनों को साकार करने में सहायता मिलेगी।

उन्होंने कहा कि आपकी दान की गई पुस्तकें किसी जरूरतमंद विद्यार्थी के उज्ज्वल भविष्य की नींव बन सकती हैं।

बुक बैंक में एकत्रित हुईं 2300 से अधिक पुस्तकें

उपायुक्त ने बताया कि जींद रोड स्थित डाइट कैथल में संचालित ज्ञान दान बुक बैंक में अब तक 2300 से अधिक पुस्तकें एकत्रित की जा चुकी हैं। ये पुस्तकें यूपीएससी, एचपीएससी, नीट, जेईई मेन, इंटरनेशनल ओलंपियाड, सीयूईटी, सीईटी, सीजीएल, सीपीटी, सीए, बैंकिंग, सैनिक स्कूल और आर्मी पब्लिक स्कूल सहित विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं से संबंधित हैं।

इन पुस्तकों का लाभ जरूरतमंद और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे विद्यार्थी नि:शुल्क प्राप्त कर सकते हैं।

ज्ञान दान की भावना को बढ़ावा देने का उद्देश्य

डीसी अपराजिता ने कहा कि जिला प्रशासन का उद्देश्य समाज में ज्ञान दान की भावना को प्रोत्साहित करना है, ताकि अधिक से अधिक विद्यार्थी गुणवत्तापूर्ण अध्ययन सामग्री का लाभ लेकर अपने भविष्य को बेहतर बना सकें।

उन्होंने आमजन से भी इस अभियान से जुड़ने और उपयोगी पुस्तकें दान करने की अपील की।

पुस्तक दान के लिए की गई विशेष व्यवस्था

उन्होंने बताया कि कार्यदिवसों में प्रातः 10 बजे से सायं 4 बजे तक जींद रोड स्थित डाइट परिसर में स्थापित ज्ञान दान बुक बैंक में पुस्तकें दान की जा सकती हैं। अभियान के लिए डीएमएस छत्रपाल को नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है।

पुस्तक दान से संबंधित अधिक जानकारी के लिए मोबाइल नंबर 94679-20070 एवं 96715-86626 पर संपर्क किया जा सकता है।

इन अधिकारियों एवं समाजसेवियों को किया गया सम्मानित

सम्मानित होने वालों में कपिल कुमार (डीएमसी), सुरेश रविश (सीईओ, जिला परिषद), डॉ. रेणु चावला (सिविल सर्जन), डॉ. रितु लाठर (डीडीपीओ), रमेश कुमार (डीईओ), कमलजीत चहल (जीएम, रोडवेज), रितु (बीडीपीओ), रविंद्र सिंह (डीडीए), डॉ. सूर्य खटकड़ (उप निदेशक, पशुपालन विभाग), सतीश कुमार मच्छाल (प्रधानाचार्य, राजकीय आईटीआई), बलबीर सिंह चौहान (डीसीडब्ल्यूओ), प्रवीन कुमार (डीटीपी), सुरेंद्र सिंह (कार्यकारी अभियंता, पीडब्ल्यूडी), निर्मल देवी (जिला सांख्यिकी अधिकारी), सुरेंद्र गिल (प्रधानाचार्य, राजकीय आईटीआई), हरप्रीत सिंह (एसडीओ, हरियाणा प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड), अमितेंद्र श्योकंद (डीएसडब्ल्यूओ), मनोज भांबू (जिला पुस्तकालय), सुमन कुमार (चीफ मैनेजर, एलडीएम, पीएनबी) तथा रामजी लाल (सचिव, रेडक्रॉस सोसायटी) शामिल रहे।

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