ग्योंग (कैथल), 18 अक्टूबर। नशा मुक्त भारत अभियान के तहत युवाओं और आमजन को नशीले पदार्थों के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, ग्योंग की ओर से गांव के शिव मंदिर परिसर में नुक्कड़ नाटक का आयोजन किया गया। NCORD (नारको कोऑर्डिनेशन सेंटर) के निर्देशों के तहत आयोजित इस कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने प्रभावशाली प्रस्तुति के माध्यम से समाज को नशे से दूर रहने का संदेश दिया।
कार्यक्रम विद्यालय के NCORD नोडल अधिकारी अनूप धीमान के मार्गदर्शन और देखरेख में आयोजित हुआ। इसका उद्देश्य युवा पीढ़ी को नशे के दुष्परिणामों से अवगत कराना और स्वस्थ, सुरक्षित एवं प्रगतिशील समाज के निर्माण के लिए प्रेरित करना था।
नुक्कड़ नाटक के जरिए बताए नशे के दुष्परिणाम
नुक्कड़ नाटक में कलाकारों ने दिखाया कि नशे की लत किस तरह एक खुशहाल परिवार को प्रभावित करने के साथ युवाओं के भविष्य को बर्बाद कर सकती है। प्रस्तुति के माध्यम से नशीले पदार्थों के सेवन से होने वाले शारीरिक, सामाजिक और आर्थिक नुकसान को उजागर किया गया। विद्यार्थियों ने लोगों को नशे से दूर रहने और इसके खिलाफ जागरूकता फैलाने के लिए प्रेरित किया।
युवाओं को नशे से बचाना समाज की जिम्मेदारी: अनूप धीमान
NCORD के नोडल अधिकारी अनूप धीमान ने कहा कि युवा देश का भविष्य हैं। नशे की लत दीमक की तरह व्यक्ति के साथ-साथ उसके परिवार और पूरे समाज को खोखला कर देती है। इसलिए युवाओं को नशे से बचाने के लिए शिक्षा, जागरूकता और सामाजिक सहभागिता बेहद जरूरी है।
उन्होंने कहा कि शिव मंदिर जैसे धार्मिक एवं सामाजिक स्थलों पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने से नशा मुक्ति का संदेश अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचता है। विद्यालय की ओर से NCORD पहल के तहत भविष्य में भी इस प्रकार के सामाजिक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
अनूप धीमान ने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल किताबी ज्ञान देना नहीं, बल्कि विद्यार्थियों में अच्छे संस्कार विकसित करना और उन्हें जिम्मेदार नागरिक बनाना भी है। विद्यालय पूरे गांव को नशा मुक्त बनाने के प्रयासों के लिए प्रतिबद्ध है।
विद्यार्थियों और ग्रामीणों ने लिया नशा मुक्त समाज का संकल्प
कार्यक्रम के अंत में विद्यार्थियों, मंदिर समिति के सदस्यों और उपस्थित ग्रामीणों ने नशीले पदार्थों का सेवन नहीं करने तथा नशे के खिलाफ एकजुट होकर जागरूकता फैलाने का संकल्प लिया। इस दौरान लोगों से अपील की गई कि वे नशे से दूर रहें और दूसरों को भी इसके दुष्परिणामों के बारे में जागरूक करें।
कार्यक्रम में विद्यालय के स्टाफ सदस्य कमलेश रानी, रणदीप सिंह, मीना रानी, राम कुमार, सिल्की रानी, मोहन लाल (डीपीई), कपिल शर्मा, आशा रानी और राजकुमार सहित मंदिर समिति के सदस्य तथा बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।
कैथल समाचार: ग्योंग में आयोजित इस जागरूकता कार्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थियों और ग्रामीणों ने नशा मुक्त समाज बनाने का संदेश दिया।

