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49वें क्षेत्रीय युवा महोत्सव में आरकेएसडी महाविद्यालय कैथल का दबदबा कायम, लोकगीत में मिला तीसरा स्थान

कैथल। आरकेएसडी महाविद्यालय, कैथल ने 49वें क्षेत्रीय युवा महोत्सव में शानदार प्रदर्शन करते हुए अपनी सांस्कृतिक प्रतिभा का लोहा मनवाया है। कुरुक्षेत्र के लोहार माजरा स्थित सेठ नवरंग राय लोहिया जयराम कन्या महाविद्यालय में आयोजित इस युवा महोत्सव में आरकेएसडी महाविद्यालय के विद्यार्थियों ने विभिन्न सांस्कृतिक विधाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। घोषित परिणामों में महाविद्यालय को लोकगीत (जनरल) में तृतीय स्थान प्राप्त हुआ, जबकि कई अन्य विधाओं में भी प्रतिभागियों के प्रदर्शन को सराहना मिली।

महाविद्यालय की प्रबंध समिति के प्रधान श्री अश्विनी शोरवाला ने विद्यार्थियों और प्राध्यापकों को शानदार प्रदर्शन के लिए शुभकामनाएं दीं। उन्होंने प्रतिभागियों का उत्साह बढ़ाते हुए भविष्य की प्रतियोगिताओं में भी बेहतर प्रदर्शन जारी रखने की कामना की।

महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. गगन मित्तल ने सांस्कृतिक विरासत को निरंतर आगे बढ़ाने के लिए सांस्कृतिक विधाओं के संयोजक डॉ. बिजेंद्र कुमार, सह-संयोजक डॉ. सुरुचि शर्मा और डॉ. राजीव शर्मा सहित पूरे संयोजक मंडल को बधाई दी। उन्होंने विद्यार्थियों और प्राध्यापकों से आगामी प्रतियोगिताओं के लिए अभी से तैयारी में जुटने का आह्वान किया।

पांच प्रमुख वर्गों की 39 विधाओं में भागीदारी

49वें क्षेत्रीय युवा महोत्सव में संगीत, नृत्य, थिएटर, फाइन आर्ट्स और साहित्य सहित पांच प्रमुख वर्गों की कुल 39 विधाओं में प्रतियोगिताएं आयोजित की जा रही हैं। आरकेएसडी महाविद्यालय के विद्यार्थियों ने विभिन्न विधाओं में भाग लेकर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।

विभिन्न विधाओं में मिला रिकमेंडेड स्थान

महोत्सव के अब तक घोषित परिणामों के अनुसार आरकेएसडी महाविद्यालय के प्रतिभागियों को निम्नलिखित विधाओं में रिकमेंडेड स्थान मिला:

  • रिचुअल
  • संस्कृत नाटक
  • जनरल नृत्य
  • इंडियन ऑर्केस्ट्रा
  • रसिया
  • सोलो डांस मेल
  • क्ले मॉडलिंग
  • क्लासिकल इंस्ट्रूमेंटल सोलो पी
  • क्लासिकल इंस्ट्रूमेंटल सोलो एनपी
  • हरियाणवी पॉप
  • सोलो नृत्य फीमेल
  • लूर नृत्य
  • क्लासिकल वोकल सोलो
  • संस्कृत भाषण

इसके अतिरिक्त, लोकगीत (जनरल) में महाविद्यालय ने तीसरा स्थान हासिल किया।

आरकेएसडी महाविद्यालय के इस प्रदर्शन से विद्यार्थियों की सांस्कृतिक प्रतिभा, मेहनत और तैयारी सामने आई है। महाविद्यालय प्रबंधन और प्राचार्य ने आगामी प्रतियोगिताओं में भी बेहतर परिणाम हासिल करने के लिए प्रतिभागियों को प्रोत्साहित किया है।